Search This Blog

Loading...

Thursday 28 April 2011

विघ्न बाधा से बचने के लिए

" ह्रीं " का १०८ बार जप करके अनुष्ठान शुरू करने से अनुष्ठान सफल होता है । रोज़ एक माला इस मंत्र की करने से कोई बाधा नहीं आएगी और शरीर व स्थान की शुद्धि होगी ।


Indore -24th April 11

मृतक व्यक्ति की सदगति के लिए

तुलसी की लकड़ी के टुकड़े पहले चिता में जलाएं और फिर मृतक व्यक्ति की चिता जलाएं अथवा मृतक व्यक्ति के मुंह, आँख, पेट पर तुलसी के टुकड़े रख कर फिर उसकी चिता जलाएं । इससे मृतक व्यक्ति की सदगति होती है ।
Listen Audio


Indore-24th April 11

सिरदर्द में

सिरदर्द होता हो तो दायाँ नथुना बंद करके बाएं नथुने से श्वास लो अथवा दायें नथुने से श्वास लेके बाएं नथुने से छोड़ो । इससे सिरदर्द में आराम होगा ।

Indore-24th April 11

Wednesday 27 April 2011

जन्मदिन पर चिरंजीवी होने का प्रयोग

जन्मदिवस पर दूध (१० ग्राम), गुड़ (१ ग्राम), काले तिल (१ चुटकी) का मिश्रण करके चिरंजीवियों (हनुमानजी, भीष्म पितामह, अश्वथामा, मार्कंडेय, परशुराम, विभीषण, कृपाचार्य और बलि) का आवाहन करके उसका आचमन करने वाला व्यक्ति चिरंजीवी होता है ।


Indore-23rd April 11

Saturday 16 April 2011

दस्त व संग्रहणी में

पलाश का 1 से 3 ग्राम गोंद मिश्रीयुक्त दूध अथवा आँवले के रस के साथ लेने से बल एवं वीर्य की वृद्धि होती है तथा अस्थियाँ मजबूत बनती हैं और शरीर पुष्ट होता है।

यह गोंद गर्म पानी में घोलकर पीने से दस्त व संग्रहणी में आराम मिलता है।


ऋषि प्रसाद, अप्रैल 2011


बवासीर में

बवासीर में पलाश के पत्तों की सब्जी घी व तेल में बनाकर दही के साथ खायें।

ऋषि प्रसाद, अप्रैल 2011

रक्तस्राव

नाक, मल-मूत्रमार्ग अथवा योनि द्वारा रक्तस्राव होता हो तो छाल का काढ़ा (50 मि।ली.) बनाकर ठंडा होने पर मिश्री मिला के पिलायें।


ऋषि प्रसाद, अप्रैल 2011